स्वस्थ और चमकदार दांत न केवल आपकी मुस्कान को खूबसूरत बनाते हैं, बल्कि आपके समग्र स्वास्थ्य के लिए भी बेहद जरूरी हैं। ओरल हाइजीन यानी मुंह की साफ-सफाई को नजरअंदाज करने से दांतों में सड़न, मसूड़ों की बीमारियां और सांसों की बदबू जैसी कई समस्याएं हो सकती हैं। अक्सर लोग केवल ब्रश करने को ही ओरल हाइजीन मान लेते हैं, लेकिन स्वस्थ मसूड़ों और दांतों के लिए कुछ और बातों का ध्यान रखना भी आवश्यक है।
ओरल हाइजीन से जुड़ी 5 सबसे जरूरी बातें
अपने दांतों को लंबे समय तक मजबूत और मसूड़ों को स्वस्थ रखने के लिए नीचे दी गई आदतों को अपनी दिनचर्या में शामिल करें:
1. दिन में दो बार सही तरीके से ब्रश करना
दांतों की सफाई के लिए दिन में दो बार ब्रश करना सबसे बुनियादी नियम है। सुबह उठने के बाद और रात को सोने से पहले ब्रश जरूर करें। ब्रश करते समय ध्यान रखें कि ब्रश को बहुत तेजी से दांतों पर न रगड़ें, इससे मसूड़ों और दांतों की बाहरी परत (इनेमल) को नुकसान पहुंच सकता है। हमेशा सॉफ्ट ब्रिसल्स (नरम बालों) वाले ब्रश का इस्तेमाल करें और हर तीन महीने में अपना ब्रश बदल लें।
2. रोजाना फ्लॉसिंग करने की आदत डालें
ब्रश करने से दांतों की ऊपरी सतह तो साफ हो जाती है, लेकिन दांतों के बीच फंसा बारीक खाना और प्लाक साफ नहीं हो पाता। इसके लिए फ्लॉसिंग (एक विशेष धागे से दांतों के बीच की सफाई) बहुत जरूरी है। रोजाना कम से कम एक बार फ्लॉस करने से मसूड़ों की बीमारियों और दांतों के बीच होने वाली सड़न से बचा जा सकता है।
3. जीभ की सफाई भी है बेहद जरूरी
मुंह की बदबू का एक बड़ा कारण जीभ पर जमा होने वाले बैक्टीरिया और गंदगी है। ब्रश करने के बाद टंग क्लीनर (जीभ साफ करने वाला) या अपने ब्रश के पिछले हिस्से से जीभ को हल्के हाथों से साफ करें। इससे मुंह में ताजगी बनी रहती है और हानिकारक बैक्टीरिया का विकास रुकता है।
4. माउथवॉश का सही इस्तेमाल
एक अच्छे एंटी-बैक्टीरियल माउथवॉश का उपयोग करने से मुंह के उन हिस्सों की भी सफाई हो जाती है जहां ब्रश या फ्लॉस नहीं पहुंच पाता। यह मसूड़ों को स्वस्थ रखने और सांसों को तरोताजा रखने में मदद करता है। हालांकि, बिना डेंटिस्ट की सलाह के बहुत तेज या अल्कोहल युक्त माउथवॉश का लगातार इस्तेमाल करने से बचें।
5. नियमित रूप से डेंटिस्ट से संपर्क करें
दांतों में कोई समस्या न होने पर भी साल में कम से कम दो बार (हर छह महीने में) डेंटिस्ट के पास जाकर रूटीन चेकअप और क्लीनिंग करानी चाहिए। कई बार दांतों की समस्याएं शुरुआती दौर में दिखाई नहीं देतीं, जिन्हें केवल एक विशेषज्ञ ही पहचान सकता है। यदि आपके मसूड़ों से खून आता है या दांतों में लगातार दर्द रहता है, तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें।
निष्कर्ष
ओरल हाइजीन का ध्यान रखना केवल सुंदर मुस्कान के लिए ही नहीं, बल्कि पेट और शरीर के अन्य अंगों को स्वस्थ रखने के लिए भी जरूरी है। ऊपर बताई गई 5 बातों को अपनी आदत बनाएं। ध्यान रखें कि यह जानकारी केवल सामान्य जागरूकता के लिए है और किसी भी गंभीर समस्या में डेंटिस्ट की सलाह लेना ही सबसे सुरक्षित उपाय है।